तितली की Chut chudai ki kahani में आज बताऊंगा की मेने केसे मेरी पड़ोस की लडकी की चूत मारा और उसे चुदाई का एक अनुखा अनुभव दिया. हलाकि मेने उसे अब तक कई बार चुदा है और आगे भी चोदता रहूँगा. लेकिन आजका काहानी तितली और मेरा पहेली बार chut chudai ki kahani hindi mein है.
कहानी में आगे बढ़ने से पहेले आपको मेरे बारे में बताना जरुरी है. नमश्कार दोस्तों मेरा नाम बिट्टू है और मैं कोलकाता का रहेने वाला हूँ. मैं अपने जीवन में कई लडकियों की चुदाई किआ हूँ इहाँ तक की मेने अपनी बहन को भी कई बार चोदा है.
आपको मेने पिछले काहानी में बताया है की केसे मेने अपनी बहन को मुझसे चोदने केलिए मनाया था. अगर आपने उसे अभी तक नही पढ़ा है तो उसका लिंक मैं आपको निचे दे दूंगा. लेकिन आजका काहानी थोडा अनुखा है.
इस काहानी में असली किरदार है गुडू जो मेरा परम मित्र है. मेरा उम्र 22 साल है और तितली का उम्र 19 साल है. तितली दिखने में उतना खाश नही है लेकिन उसकी फिगर बहुत आकर्षक है. कोई भी उसे देखेगा तो उसे एक बार चोदना जरुर चाहेगा.
भले ही तितली थोड़ी सावली है लेकिन उसकी चूची और उसकी गांड उसके चहरे पर पूरी तरह से मैच करता है. कुदरत ने उसे ऐसे बनाया है की मनो वो सिर्फ दूसरों के लंड को शांत करने केलिए ही बनी हो. मेरे पड़ोस में रहेती है इसलिए मैं तितली को रोज देखता हूँ.
और रोज रात को मुठ मार कर सो जाता हूँ. पड़ोस में रहेती है इसलिए थोडा डर भी लगता है की कहीं कुछ गड़बड़ ना हो जाये. इसलिए आज तक मेने उसे कभी कहा नही था, लेकिन तितली को चोदने का खेयाल मेरे मन में सालों से था.
फिर एक दिन पता चला की गुडू और तितली दोनों बहुत अछे दोस्त हैं. यह दोनों जब घर से बाहार जाते हैं तभी आपस में बात करते हैं ऐसा इसलिए क्योंकि किसीको पता ना चल पाए. गुडू और मैं एक दिन घर में दारु पि रहे थे और मेरे मुंह से बातों में तितली के बारे में निकल गया की तितली बहुत खूब शुरात दखती है.
ऐसे में गुडू बोला की वो तितली को कई बार चोद चूका है और तितली लंड लेने में काफी माहिर है. यह सुन कर मेरा लंड तो ऐसे खड़ा हुआ मनो जिन्दगी में पहेली बार किसी लडकी को देखा हो. मेरा लंड चड्डी के अन्दर उचल रहा था.
ऐसे ही बातों बातों में गुडू और मेरे बिच में बहस होने लगा की, क्योंकि गुडू बोला की अगर वो चाहे तो तितली कको अभी एहिं पर बोला ससकता है और चोद सकता है. ऐसे में मेरा मन भी और उछालने लगा कमसे कम एक मोका तो मिलेगा. इसलिए मेने जान बुझ कर गुडू को और उत्तेजित किआ.
गुडू:- रुक मैं बाहार देखता हूँ अगर वो होगी तो लेके आता हूँ.
मैं:- ठीक है देखते है कितना बड़ा आशिक है तू.
गुडू:- अगर ले आया तो क्या हारेगा?
मैं:- अगर तू तितली को ले आया तो अं एक और बोतल दारु लाऊँगा.
गुडू:- ठीक है तू एहिं रुक जब मैं Call करूंगा तो तू उठाना.
Chut chudai ki kahani की शुरुवात
इतना केहेकर गुडू बहार चला गया मैं भी सोच रहा था की ऐसा कभी नही होगा क्योंकि तितली घर में एक संश्कारी लडकी की तरह रहेती है. और मुझे विस्वाश नही हो रहा था की वो गुडू से चोद चुकी है. फिर भी मन में एक आशा की किरण था, इसलिए मेने इन्तजार किआ और अचानक गुडू का Call आया.
मैं:- बोल क्या हुआ?
गुडू:- बिट्टू घरमे हो ना?
मैं:- हां क्या हुआ?
गुडू:- मैं तितली को लेके आरहा हूँ तू देख बहार कोई है क्या?
मैं:- ठीक है आजा मैं बहार देखता हूँ.
मैं बहार गया और फिर गुडू को आने केलिए कहा. तितली छुपते छुपते मेरे कमरे के अन्दर आ गयी. और मैं उसको देखता रहे गया. क्या लग रही थी साली रंडी इतना बड़ा बड़ा चूची और ऊपर से टाइट टी-शर्ट पहेनी हुई थी. मैं देखते ही उसके मुंह में देना चाता था.
गुडू:- आरे आ ना बेठ जा.
मैं:- हाँ हाँ और बोल ले आया तूने !
गुडू:- तो बोल तुझसे बात करता नही ना यह? “तितली को बोला”
मैं:- आरे घर के पास रहेती है केसे बात करूंगा कोई देख लेगा तो…
तितली:- हाँ … तुम भी दारु पीते हो मुझे पता नही था.
मैं:- हाँ हाँ तू भी पीती है मुझे भी नही पता था अब चल चुप चाप पि.
तितली:- तेरे घर वाले कुछ बोलेंगे नही क्या?
मैं:- केसे पता चलेगा उनको मेरे कमरे में उन्हें आने नही देता.
तितली:- अच्छा तू इतना शेतान हो पता नही था चुप चुप के सब हो रहा है नही..
मैं:- तू भी ऐसी है पता नही था वाह संश्कारी लडकी…
ऐसे ही हम लोग आपस में बातें करते रहे और दारु पीते रहे, धीरे धीरे नशा चढ़ा और हम तीनो अब सेक्सी बातें करने लगे थे. और कभी कभी बिट्टू तितली की चूची को खीच लेता था और मैं भी कभी कभी तितली की चूची को दबा देता था.
ऐसे ही हम तीनो होश में नही थे और आपस में घुल मिल गये थे. फिर गुडू ने अचानक तितली को पकड़ा और उसे किस करने लगा मेरा तो यह सब देख कर लंड से पानी निकलने लगा.
तितली:- अरे अभी नही बिट्टू सामने है.
मैं:- तो क्या है इसमें सबका तो एक जेसा ही होता है तुम लोग करो जो करना है कोई नही बोलेगा.
गुडू:- इहाँ कोई नही आयेगा और बिट्टू तो दोस्त है, चल ना.
तितली:- मुझे अजीब लग रहा है नही नही.
मैं:- अरे इसमें क्या अजीब है चल मैं भी आता हूँ रुक.
तितली:- नही नही तुम नही रुको छोडो मुझे. कोई देख लेगा.
मैं:- अरे कोई नही आयेगा यह मेरा कमरा है.
तितली:- स्स्सस्स्स्सस्स्स रुक ना मत करो.
गुडू:- आज दो लंड का मजा ले बेबी बहुत मजा आयेगा.
तितली:- उह्ह्न्न उन्हह स्स्स्स कोई आ जायेगा तो.
मैं:- कोण आयेगा किसीको पता ही नही चलेगा क्या हो रहा है अन्दर.
गुडू:- हाँ यार इहाँ कोई प्रॉब्लम नही है, आ ना दोनों मजा देंगे आज.
तितली:- ठीक हिया लेकिन एक के बाद एक.
दो दोस्त एक लडकी को गरम किए
मेरा तो यह सुन कर ही दिमाग घूम गया और मैं तुरंत तितली के ऊपर टूट पड़ा, कभी उसकी चूची को दबाया तो कभी उसकी चूत में ऊँगली डाल कर हिलाया. गुडू अपना लंड को तितली के मुंह में दाल दिया और तितली उसे चुशे जा रही थी.
तितली:- आजा अब तेरा दे.
मैं:- क्या दूं.
तितली:- अरे खड़ा हो और नंगा हो जा.
मैं:- ठीक है लंड लेगी क्या मुंह में. यह ले.
तितली:- वाआऊओ कितना बड़ा है रे तेरा.
और तितली मेरा लंड को देख कर और जादा देरी ना करते हुए उसे चूसने लगी, और मैं सीधा जन्नत में था भाई लोग. जिसे सालों से चोदने के बारे में सोच ही रहा था वो आज मेरा लंड को चूस रही थी. ऐसा लंड की चुसाई मेने कभी नही मेहेशुश किआ था. तितली लंड चूसने में माहिर है.
गुडू:- चल अब रहा नही जायेगा दिखा तेरा चूत फाड़ दूं थोडा.
तितली:- फाड़ तो तूने दिया है ले आजा.
गुडू:- पहेले से बड़ा होगेया है तेरी चूत किस्से चुदवाई है?
तितली:- तेरे जेसे बहुत हैं.
गुडू:- साली कुट्टी हो गयी है तू तो ये ले आज मेरा लंड ले.
तितली:- अह्ह्ह्हह धीरे डाल ना ह्म्म्म ह्म्म्म हम्म्म्म.
गुडू:- वाह मजा आ गया आज तो क्या चूत है तेरी.
तितली:- हां हां हाँ हान्न्न आह्ह्ह अह्ह्ह.
मैं:- अरे यार मेरा निकल जायेगा.
तितली:- इतना जल्दी….. क्यों?
मैं:- तुझे चोदने के बारे में कबसे सोचा करता था तूने मेरा चूस लिया मेरा तो ऐसे ही निकल जायेगा.
तितली:- अच्छा तो निकाल उम्म्म्म उम्म्म्म.
मैं:- अह्ह्ह्ह मस्त लग रहा है तितली.
थोड़ी देर में मेरा सारा पानी तितली के मुंह में ही निकल गया और तितली उसे ऐसे कस गयी जेसे कोई Juce हो. मरे लंड को वो फिर से चुसे जा रही थी उसे सोने नही दिया. और थोड़ी ही देर में मेरे लंड जो बेजान हो गया था उसमे फिर से जान आ गया.
मैं:- अबे हट ना थोडा मुझे भी करने दे.
तितली:- हाँ हाँ इसे आने दे.
मैं:- वाओ तेरी चूत तो पूरी गीली है.
तितली:- चुद रही हूँ तो गीली ही होगी ना घुसा तू जल्दी.
मैं:- ठीक है यह ले अह्ह्ह्हह्ह.
मेने धीरे से तितली के चूत में अपना लंड को पेल दिया और भाई साहब क्या गर्मी थी उसकी चूत में. ऐसा लगा की गरम गरम मुलायेम रेत मेरे गालों को चूम रहे हैं. मैं ऐसे ही मजे में ही तितली को चोदना शुरू किआ.
तितली:- धीरे कर दर्द हो रहा है.
मैं:- और धीरे नही होगा बेबी बड़ा मजा आ रहा है.
तितली:- आओऊ ह्ह्हह्स्सस्स्स्स अह्ह्ह्ह.
मैं:- क्या चूत है तेरी इसको तो आज फाड़ ही डालूँगा.
तितली:- और जोर से और जोर से छोड़ बहनचोद.
मैं:- रंडी तेरी चूत आज लाल कर दूंगा बचा लेगी मेरा
तितली:- दाल दे आज मेरे चूत में तेरा बचा. उह्ह्ह उह्ह्ह
मैं:- हूश्ह्ह हुस्स्स्स ह्म्म्म.
तितली:- इतना बड़ा लंड का मजा पहेली बार आया है. छोड़ मुझे अछे से.
गुडू:- मैं भी आजाओं क्या?
मैं:- आजा तू भी डाल दे.
तितली:- नही नही दोनों एक साथ नही.
मैं:- आरे बहुत मजा आयेगा लेके देख.
तितली:- दर्द होगा तेरा ऐसे ही बहुत बड़ा है.
गुडू:- अरे दर्द नही होगा तेरा तो यह बहुत बार है. पहेली बार में दर्द होता है.
तितली:- ठीक है लेकिन धीरे धीरे करना.
गुडू:- हाँ धीरे करूंगा दर्द होगा तो बताना.
तितली:- ठीक है.
एक लडकी दो लड़का लंड डाला
उसके बाद तितली को हमने उल्टा किआ और उसे पूरा नंगा कर दिया. हम लोग भी पूरा नंगा हो गये और फिर मैं तितली के निचे आ गया और गुडू तितली के ऊपर. तितली बिच में फाश गयी. अब गुडू ने पहेले अपना लंड तितली के गांड में डाला फिर मेने अपना लंड को तितली के चूत में डालना शुरू किआ.
तितली:- रुक जाओ रुको दर्द हो रहा है.
गुडू:- अरे थोडा सा दर्द होगा.
तितली:- नही मैं नही करूंगी रुको.
मेने देखा की इस तरह से मजा खाराप हो जायेगा और मैं यह माहोल को बदलना नही चाहता था, इसलिए मेने तितली को कस के पकड़ा और एक जोर दार झटका देकर अपना पूरा लंड तितली के चूत के अन्दर डाल दिया. तितली इससे तड़प उठी. लेकिन हम दोनों मर्दों के बिच वो कहीं भी भाग नही पाई. बिचारी ने रो दिया था.
मैं:- अब रुक मत गुडू चलो रख.
गुडू:- अबे उसको दर्द हो रहा है.
मैं:- तू शुरू कर उसे मजा आयेगा.
गुडू:- ठीक है ले अब घमशान चुदाई होगी.
तितली:- फाड़ दिया तुम दोनों ने मेरी रुक जाओ दर्द हो रहा है.
मैं:- ह्हन्न्न अब रुकूंगा नही मेरी जानेमन लेती रहे मेरा लंड.
मेने और गुडू ने अब लगातार दो लंड से चुदाई करते गये और तितली दर्द से तड़पने लगी. थोड़ी देर बाद तितली के मुंह से आवाजें निकलने लगी स्स्स्स उम्म्मम्म आआआअ. मैं समझ गया की उसको अब दो लंड का मजा आने लगा है इसलिए मेने अपना चुदाई का स्पीड बढाया और किसी जमीं को खुदाई करने जेसा तितली के चूत को खोदने लगा.
तितली की chut ki kahani क्या बताऊँ भाइयों कबी अगर चोद पाते तो पता चलता कितना नरम चूत है. अभी तुम्हारे पडोसी के बारे में सोचो और उसे तितली समझो और अपना लंड हिलाना शुरू करो. और लडकी लोग अपने चूत में ऊँगली डालो और सोचो की दो जवान लड़का तुम्हे चोद रहे हैं.
तितली:- अआः आः ऊईईई हाँ हाँ.
गुडू:- मजा आरहा है बेबी.
तितली:- बता नही सकती जोर से हाँ हाँ हाँ.
मैं:- इतना मजा किसीके साथ नही आया और्जोर से चोदूं तुझे?
तितली:- अब तो बस मेरा पानी निकाल दे अह्ह्ह स्स्स्स.
गुडू:- साली तुझे आज हम दोनों रंडी की तरह चोदेंगे साड़ी रात.
मैं:- बाद में कभी बुलाऊंगा तो आयेगी क्या.
तितली:- हाँ जब भी अकेले होगे बुला लेना.
ऐसे ही बातें करते हुए चुदाई का रफ़्तार कभी कम तो कभी जादा हो रहा था और हम तीनो को जन्नत का मजा आ रहा था. तितली भी उचल उचल को हमारे लंड पर अपने चूत की खुजली मिटा रही थी. और अचानक तितली ने सब मजा में पानी छोड़ दिया.
जब तितली के चूत से पानी निकला ऐसा लगा की वो मूत रही है इतना सारा पानी मेने अपनी भाबी की चूत से निकाला था. आज तितली के चूत से निकलते देख कर मैं हेरान था. और मुझे यह भी पता चला की इसे और चुदाई की जरुरत है.
Chut chudai ki kahani का अंत हुआ
फिर हम दोनों ने तितली को उसी हालत में चोदा और थोड़ी देर बाद दनो का पानी निकल गया. फिर हम लोग बिस्तर पर ऐसे ही थोड़ी देर पड़े रहे और जब होश आया तो देखा तितली कपडे पेहेन रही थी.
मैं:- अरे कपडा क्यों पेहेन रही हो छोडो ना आओ एक पैक मरते हैं.
तितली:- ऐसे ही नंगे?
मैं:- हाँ और क्या सब कुछ तो देख लिया हूँ इसमें नया क्या है.
तितली:- मुझे शर्म आयेगी.
मैं:- अच्छा जब और जोर से और जोर से बोल रही थी तब.
तितली:- “शर्माते हुए” चुप रहेने दे मैं गहर जाती हूँ.
मैं:- आओं ना आज घर रात को जाना एक बार और चुदाई करेंगे.
तितली:- क्यों मन नही भरा क्या
मैं:- नही आज पूरा रात चोद सकता हूँ ले पैक खीच
तितली:- ठीक है रुक जाती हूँ.
मैं:- तेरे घर में कोई पूछे तो क्या बोलेगी?
तितली:- वो माँ से बोल दूँगी दोस्त के घर में थी.
इस तरह से हम आपस में बात करने लगे और फिर से दारु पिने लगे गुडू भी उठा गया और हम तीनो ने मिल कर फिर से दारु पिया. कुछ देर बाद हम दोनों ने तितली को बोला चल करते हैं तितली भी मान गयी और हम लोगों ने फिर से चुदाई शुरू किआ.
इस बार दोनों का लंड एक साथ डाल कर चुदाई शुरू हुआ और कई बार चोदने के बाद हम लोग बहुत थक गये. फिर तितली अपने घर चली गयी और हम दोनों दोस्त और भी पक्के दोस्त बन गये. अब जब भी मुझे जरुरत पड़ता है तो मैं तितली को इशारा दे देता हूँ और वो मेरे कमरे में आ जाती है.
इस तरह से मेने अपने पड़ोस में रहेने वाली तितली को चोदा और उसकी Chut chudai ki kahani को आपके लिए लिखा. मुझे उम्मीद है आप सबको आजके Chut chudai ki kahani में मजा आया होगा और अपने लंड और चूत से पानी निकल चूका होगा. जिनका अभी भी नही निकला है वो मेरे दुसरे काहानी को भी पढ़ सकते हैं मेने सबका लिंक निचे दिया हुआ है.
आज हमने क्या सिखा?
आजके Chut chudai ki kahani में हमने सिखा की जो जेसा दीखता है वो वेसा होता नही. इसलिए आप लोग थोडा ध्यान से रहें कभी भी किसीके ऊपर भरोषा ना करें. क्या पता आपके परिवार में ही कोई आपको चोदना चाहता हो या चुदना चाहती हो. और इससे फिर भाई बहन सेक्स स्टोरी बन जायेगा. तो सतर्क रहें.
पड़ोस की लडकी को कैसे पटाए?
पड़ोस की लडकी को पटाना बहुत आसान है. उसे अछि तरह से बात करो उसकी पसंद न पसंद को जानो और उसे छुपकर Gift दिया करो. और चुप कर ही प्यार करो. ध्यान रखना की यह बात किसीको पता ना चले.
पड़ोस की लडकी को कैसे पटाए?
पड़ोस की लडकी को पटाना बहुत आसान है. उसे अछि तरह से बात करो उसकी पसंद न पसंद को जानो और उसे छुपकर Gift दिया करो. और चुप कर ही प्यार करो. ध्यान रखना की यह बात किसीको पता ना चले.
लडकी केसे पटाए?
किसी भी लडकी को पटाने केलिए आपको उसकी पसंद को सबसे पहेले जानना होगा. उसके बाद समय समय पर उस लडकी को कुछ तोफा दिया करें और उससे अछे से बात किआ करें. थोडा हट कर बात करें औरों से हट कर प्रतिक्रया करें. इससे आप दुस्रून के बिच अलग लगेंगे और लडकी आपसे इम्प्रेस होगी.